छत्तीसगढ़ में मानसून कांकेर-सुकमा में थमी बारिश की रफ्तार

Sarangarh-Bilaigarh received the most rainfall, while Kanker-Sukma witnessed a slowdown in rainfall.

छत्तीसगढ़ में इस वर्ष मानसून की चाल खेती-किसानी और जल स्रोतों के लिहाज से बेहद राहत जनक बनी हुई है। राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी 23 अगस्त 2026 तक की बारिश रिपोर्ट के मुताबिक 1 जून से अब तक प्रदेश भर में औसतन 783.0 मिमी वर्षा दर्ज की जा चुकी है, जो कि इस अवधि की 10 वर्षों की औसत बारिश (791.1 मिमी) का लगभग 99 प्रतिशत है। चालू मानसून सत्र में आज प्रदेश का औसत दैनिक वर्षा का आंकड़ा 15.6 मिमी रिकॉर्ड किया गया।

प्रदेश में बारिश का वितरण क्षेत्रवार काफी विविध रहा है। मैदानी और मध्य छत्तीसगढ़ के जिलों में जहां बादल खुलकर बरसे हैं, वहीं बस्तर संभाग और सरगुजा के कुछ इलाकों में बारिश की रफ्तार अब भी औसत से पीछे चल रही है। प्रतिशत के लिहाज से देखें तो राज्य में सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला 168.3 फीसदी (1019.9 मिमी) बारिश के साथ पहले पायदान पर है, जबकि बलरामपुर 150.6 फीसदी (1028.1 मिमी) और महासमुंद 133.2 फीसदी (943.3 मिमी) के साथ दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।

दूसरी ओर, दक्षिण छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में अब तक सामान्य की तुलना में सबसे कम 64.7 प्रतिशत (662.0 मिमी) बारिश हुई है। इसी तरह सुकमा में 65.8 फीसदी (726.0 मिमी) और बीजापुर में 67.0 फीसदी (973.8 मिमी) ही वर्षा दर्ज की गई है।संभागवार जिलों की स्थिति पर नजर डालें तो मैदानी और मध्य क्षेत्र के रायपुर में 819.9 मिमी (127.7%), गरियाबंद में 918.1 मिमी (122.9%), बलौदाबाजार में 848.6 मिमी (116.5%), धमतरी में 783.5 मिमी (105.2%), बिलासपुर में 827.9 मिमी (108.7%), मुंगेली में 841.5 मिमी (120.3%), जांजगीर-चांपा में 936.3 मिमी (113.4%), सक्ती में 788.6 मिमी (107.1%), कोरबा में 852.4 मिमी (100.7%), गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 805.5 मिमी (106.3%), दुर्ग में 617.2 मिमी (105.8%), राजनांदगांव में 672.1 मिमी (101.7%) और बालोद में 831.9 मिमी (114.8%) बारिश दर्ज की जा चुकी है।

उत्तरी छत्तीसगढ़ में मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 863.3 मिमी (117.9%) और सूरजपुर में 885.2 मिमी (108.3%) बारिश हुई है। हालांकि रायगढ़ (801.7 मिमी – 96.9%), कोरिया (686.1 मिमी – 94.0%), खैरागढ़-छुईखदान-गंडई (551.1 मिमी – 98.0%), कबीरधाम (538.3 मिमी – 88.9%), दंतेवाड़ा (901.3 मिमी – 86.6%), जशपुर (658.5 मिमी – 85.7%), बेमेतरा (462.0 मिमी – 79.9%), सरगुजा (469.8 मिमी – 77.9%), कोण्डागांव (686.4 मिमी – 76.7%), बस्तर (709.7 मिमी – 70.2%) और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी (640.5 मिमी – 69.3%) में बारिश की कुल मात्रा अब भी सामान्य औसत से कम बनी हुई है। नारायणपुर में जरूर 1089.3 मिमी वर्षा के साथ 111.5 प्रतिशत का आंकड़ा हासिल हुआ हैबीते 24 घंटों के भीतर बस्तर जिले में सबसे ज्यादा 59.7 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा बालोद में 30.0 मिमी, गरियाबंद में 29.9 मिमी, दंतेवाड़ा में 29.6 मिमी, कोण्डागांव में 29.4 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 29.3 मिमी, राजनांदगांव में 28.0 मिमी और बीजापुर में 26.8 मिमी पानी बरसा। प्रदेश में समग्र रूप से 99 फीसदी औसत बारिश हो जाने से खरीफ फसलों की स्थिति मजबूत हुई है और प्रमुख नदी-नालों तथा बांधों में जलस्तर सुरक्षित बना हुआ है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *